नवादा टुडे डेस्क
पकरीबरावां में बुधवार को एक अनियंत्रित पिकअप वैन ने बाइक सवार दो युवकों को रौंद दिया। इस दुर्घटना में घटनास्थल पर ही एक युवक की मौत हो गई, जबकि दूसरा घायल हो गया।
घटना नवादा-जमुई स्टेट हाईवे पर पकरीबरावां थाना क्षेत्र अंतर्गत पकरीबरावां बस स्टैंड के पास बुधवार की दोपहर घटी, जहां जमुई की ओर से तेज रफ्तार में आ रहे मुर्गी लदे पिकअप वैन ने बाइक सवार युवकों को रौंद दिया। इस घटना में, बाइक सवार कचना निवासी सुधीर मिस्त्री के 22 वर्षीय पुत्र नितेश कुमार की घटनास्थल पर मौत हो गई। वहीं, उसके साथ रहे एक अन्य युवक रितेश कुमार (20 वर्ष) घायल हो गया। घायल रितेश का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पकरीबरावां में इलाज चल रहा है।
बताया जाता है कि दोनों युवक सुबह पकरीबरावां बाजार आए थे। दोपहर दोनों घर लौट रहे थे, तभी विपरीत दिशा से आ रही पिकअप ने रौंद डाला। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार पिकअप वैन काफी रफ्तार में थी। रफ्तार के कारण चालक ने अपना नियंत्रण खो दिया था। दुर्घटना के बाद पिकअप चालक वैन छोड़ फरार हो गया। इधर, दुर्घटना की खबर सुन पकरीबरावां पुलिस मौके पर पहुंच घटना का जायजा लिया। साथ ही पिकअप वैन को जब्त कर थाने लाई। पुलिस ने अस्पताल में जाकर घटना की पूरी जानकारी ली।
युवक की मौत की खबर सुन गांव वाले भी अस्पताल पहुंचे। इस बीच पुलिस ने डेड बॉडी को पोस्टमॉर्टम के लिए उठाना चाहा, परंतु ग्रामीणों ने पुलिस को डेड बॉडी उठाने से मना कर दिया। इस दौरान पुलिस व ग्रामीणों में हल्की नोंक-झोंक भी हुई। ग्रामीण डेड बॉडी को अपने साथ ले गए।
– आक्रोशित ग्रामीणों ने किया सड़क जाम
सड़क दुर्घटना में युवक की मौत से आक्रोशित ग्रामीणों ने अस्पताल से डेड बॉडी को ले जाकर नवादा-जमुई स्टेट हाईवे कचना मोड़ के पास जाम कर दिया। उस दौरन नवादा-जमुई स्टेट हाईवे पर आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया। दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। जाम की सूचना पर पहुंची पकरीबरावां पुलिस ने लोगों को समझाकर जाम हटाने का प्रयास किया, परंतु ग्रामीणों ने पुलिस की एक नहीं सुनी।
ग्रामीण अधिक से अधिक मुआवजा देने की मांग पर अड़े थे। बीडीओ डॉ. अखिलेश कुमार, दत्तरौल मुखिया सुजीत कुमार, पूर्व मुखिया संजय पासवान, बुधौली के पूर्व मुखिया विजय यादव सहित अन्य ने भी समझाने का प्रयास किया, परंतु ग्रामीण बिना मुआवजे के जाम नहीं हटाने पर अड़े थे। काफी प्रयास के बाद लगभग 2 घंटे बाद जाम हटाया गया। पुलिस ने डेड बॉडी को उठाकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। बीडीओ ने पारिवारिक लाभ योजना के तहत बीस हजार रुपए दिए। साथ ही नियमानुसार अन्य सरकारी सहायता दिलाए जाने का भरोसा दिलाया।





















































































































