नवादा टुडे डेस्क
कौआकोल प्रखंड के देवनगढ़ पंचायत अंतर्गत भोरमबाग गांव में देश की आजादी के पश्चात लोकनायक जयप्रकाश नारायण के प्रयास से स्थापित चरखा भवन इन दिनों मृतप्राय हो गया है। ग्रामीणों की मानें तो लोकनायक जयप्रकाश नारायण के अथक प्रयास के बाद भोरमबाग गांव में 1955 में इस गांव के बीचो-बीच एक सामुदायिक भवन का निर्माण ग्राम निर्माण मंडल सर्वोदय आश्रम सोखोदेवरा के द्वारा करवाया गया था,जो इलाके में चरखा भवन के नाम से भी जाना जाता था।
इस चरखा भवन में भोरमबाग गांव के दर्जनों पुरुष एवं महिला सूत कटाई का कार्य करते थे,जिससे उन्हें घर के काम काज करने के बाद सुत कताई कर उससे आमदनी कर घर खर्च निकल जाता थाऔर रोजगार मिल जाता था परंतु धीरे-धीरे इस भवन की देखरेख में कमी हो गई और यह खपरैल भवन आज खंडहर में पूर्ण रूप से बदल गया है। इिससे खास कर यहां की महिलाएं घर के कार्य करने के वाद जो सुत कताई का कार्य करती थी वह बेरोजगार बन कर रह गई है। अब स्थिति यह है कि सामुदायिक भवन की दीवार अवशेष है जो अपने अतीत को याद कर रहा है।
ग्रामीणों ने कहा भवन की दुर्दशा आज भी जयप्रकाश नारायण की यादों में रो रहा है। पदाधिकारियों की अनदेखी एवं जनप्रतिनिधियों की लापरवाही के कारण इस भवन का जीर्णोद्धार कार्य नहीं कराया जा रहा है। जिससे बदहाल हो चुके खंडहर भवन में गांव के कुछ स्वार्थी लोग जबरन मवेशी बांधकर अतिक्रमण कर जमीन पर अवैध ढंग से कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। लोगों ने कहा प्रशासन की ओर से इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो लोकनायक जयप्रकाश नारायण के धरोहर के रूप में स्थापित किया गया।
– क्या कहते हैं ग्रामीण
शिवानी देवी ने कहा जबसे यहां सूत कताई का कार्य बंद हुआ है तब से हम लोग बेरोजगार बन कर घर बैठे हैं। पहले सूत कटाई कार्य से प्रत्येक दिन अच्छी कमाई हो जाती थी। दुलारी देवी ने कहा भवन निर्माण करवाने के लिए हमलोग कई बार ग्राम निर्माण मण्डल के अधिकारियों से सम्पर्क कर रोजगार मुहैय्या करवाने की मांग किये,परन्तु कोई कार्रवाई सम्भव नहीं की जा सकी।
– क्या कहते है ग्राम निर्माण मंडल सर्वोदय आश्रम सोखोदेवरा के अधिकारी
प्रधानमंत्री अरविंद कुमार सिंह ने कहा इसके लिए हमारे यहां कोई आर्थिक कोष उपलब्ध नहीं है। कई बार लिखित पत्राचार कर अपने वरिष्ठ अधिकारियों को इस संबंध में अवगत कराया गया। एक बार फिर से विभागीय स्तर पर भवन का जीर्णोद्धार कर रोजगार मुहैय्या कराने का प्रयास किया जाएगा।




















































































































