नवादा टुडे डेस्क
पकरीबरावां सीएए, एनआरसी व एनपीआर का लगातार विरोध जारी है। विपक्षी पार्टियां समेत अल्पसंख्यक समुदाय के लोग जगह-जगह विभिन्न तरीके से इसका विरोध कर रहे हैं। मंगलवार को पकरीबरावां प्रखंड के धमौल में अल्पसंख्यक महिलाओं ने नागरिकता संसोधन कानून, एनआरसी एवं एनपीआर का विरोध किया।
नसीमा खातून के नेतृत्व में दर्जनों महिलाएं इकट्ठा होकर सीएए, एनआरसी व एनपीआर के विरोध में नारे लगाए। महिलाओं ने सीएए को जहां काला कानून करार दिया, वहीं एनआरसी व एनपीआर को अल्पसंख्यकों के खिलाफ साजिश बताया। साथ ही कहा कि मोदी सरकार भारतीय संविधान से छेड़छाड़ कर रही है। कहा एनआरसी व एनपीआर को एक ही सिक्के के दो पहलू है।
महिलाओं ने हर हाल में इनका बायकॉट करने की बात कही। साथ ही संविधान की रक्षा के लिए सभी सेक्युलर महिलाओं से भी इस मुहिम में शामिल होने की अपील की गई। इस मौके पर अंजुम आरा, शगुफ्ता प्रवीण, मैमुना खातून, नसीमा खातून, सबीहा खातून शहनाज बानो, मुस्तरी प्रवीण सहित अन्य थे।






















































































































