नवादा टुडे डेस्क
नवादा ऐतिहासिक धरोहरों को संजोने के एक मात्र संस्थान नारदः संग्राहलय में शुग्रवार को संग्राहलय सप्ताह का रंगारंग शुभारंभ किया गया। आयोजन सप्ताह के पहले दिन गायिका कायनात, हंसिका, अस्मत और माही की गीत पर लोग झूम उठे। इससे पहले सदर एसडीओ अनु कुमार और डीपीआरओ गुप्तेश्वर प्रसाद ने संग्राहलय सप्ताह का उद्घाटन किया। नारदः संग्रहालय के संरक्षक इन्द्रदेव प्रसाद, प्रमोद कुमार, आमिर, श्रवण बरनवाल, शिवकुमार प्रसाद, निर्णायक मंडल की सदस्य शंकर कुमार और अर्चना भारद्वाज आदि ने संग्रहालय की महत्ता पर चर्चा की।
एसडीओ अनु कुमार ने कहा कि संग्रहालय की उपयोगिता विस्तृत है। यह जीवंत इतिहास होता है। इसका अध्ययन करने से बहुत सारी जानकारी मिल जाती है। सैकड़ो साल पुरानी सभ्यता और जीवन पद्धति की सही और सटीक जानकारी संग्राहलयों में संरक्षित रहती है। देश और दुनिया में कई बदलाव और अविष्कार संग्राहलयों के मदद से किए गए। डीपीआरओ गुप्तेश्वर प्रसाद ने कहा कि संग्राहलय हमारे स्मृद्ध अतीत की याद दिलाकर हमें प्रेरणा और शक्ति प्रदान करता है। ,संग्रहालयों को संरक्षित और संवर्दि्धत करने की जरूरत है। ताकि हजारों वर्षो पूर्व के धरोहरों को बचाया जा सके।
कई स्कूलों के बच्चें हुए शामिल
आयोजन के पहले दिन राजकीय कन्या इंटर विद्यालय, गुलमोहर यूनिक पब्लिक स्कूल, कन्या मध्य विद्यालय, गांधी इंटर विद्यालय आदि के छात्राओं ने भाग लिया। आयोजकों ने कहा कि संग्रहालय हमारे अतीत का आइना है। यह हमें अतीत से अवगत कराता है और वर्तमान को भविष्य के लिए दिशा तय करता है। संस्थान हर साल संग्रहालय सप्ताह का आयोजन करता आ रहा है। शुक्रवार को कई बच्चों ने हैंडीक्राफ्ट प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए अपना आवेदन जमा किया। शनिवार को संग्रहायल सप्ताह के दूसरे दिन भी कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। शनिवार को कई स्कूलों के बच्चे भाग लेंगे।






















































































































