नवादा टुडे डेस्क
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व विधायक नरेन्द्र कुमार उर्फ नुनू सिंह ने सीएए और एनआरसी को लेकर सरकार की नीतियों को विभाजनकारी करार दिया है। उन्होंने कहा कि सीएए व एनआरसी देश हित में नही है। केंद्र की मोदी सरकार देश का विभाजन करना चाहती है। बेरोजगारी, मंहगाई जैसे ज्वलन्त मुद्दों से देश की जनता का ध्यान हटाने के लिए यह काला कानून लाया गया है। यह कानून देश के गरीबों व अल्पसंख्यकों के लिए परेशानी खड़ी करनेवाला है।
सरकार की विभाजनकारी नीतियों से देश का नुकसान हो रहा है। संविधान को ताक पर रखकर महत्वपूर्ण अनुच्छेद को दरकिनार कर केंद्र सरकार धर्मनिरपेक्ष व लोकतांत्रिक देश में तानाशाही पर उतारु है। देश को धर्म के नाम पर बांटने की साजिश रची जा रही है। देश में बेरोजगारी, अर्थव्यवस्था, महंगाई व किसान परेशान है। इन मुद्दों से जनता का ध्यान हटाने के लिए सरकार सीएए लेकर आई है। नुनू सिंह ने आरोप लगाया कि भाजपा कि 2010 के एनपीआर और 2020 के एनपीआर में बड़ा अंतर है, स्पष्ट है कि नया एनपीआर भी एनआरसी लागू करने के लिए ही लाया गया है।





















































































































